“कन्या राशि” की संपूर्ण जानकारी तालिका अनुसार दी जा रही है, जिसे पढ़कर आप बहुत आसान तरीके से कन्या राशि और कन्या राशि के व्यक्तियों के बारे में जान सकेंगे। आपको लम्बे लेख पड़ने की जरुरत नहीं पड़ेगी और आप बड़ी सटीकता से हर जानकारी प्राप्त कर सकेंगे। यह लेख तालिका आपके लिए दुर्ग भिलाई ज्योतिष लक्ष्मी नारायण ने तैयार की है।
“कन्या राशि” की संपूर्ण जानकारी तालिका अनुसार
| विवरण | कन्या राशि |
|---|---|
| राशि तत्व | पृथ्वी (Earth) |
| स्वामी ग्रह | बुध (Mercury) |
| प्राकृतिक गुण | बुद्धिमान, विवेकशील, विश्लेषणात्मक, तार्किक |
| लिंग | स्त्री (Feminine) |
| राशि का चिन्ह | कन्या (कन्या का चित्र) |
| राशि का रंग | नीला, हरा, सफेद |
| राशि का भाग्यांक | 6 (वर्ग 6 के अंतर्गत) |
| उत्तम रत्न | पन्ना (Emerald) |
| स्वाभाविक विशेषताएँ | नयापन, परिश्रमी, विचारशील, निष्पक्ष |
| सकारात्मक गुण | समझदार, प्रेरणादायक, व्यवस्थित |
| नकारात्मक गुण | अतिरक्त आलोचनात्मक, चिन्ताशील, संकोची |
| संकेत | सेवा, स्वास्थ्य, स्वच्छता |
| सामान्य पेशे | चिकित्सा, शिक्षा, सलाहकार, लेखन |
| संगत राशि | मकर, वृषभ, कर्क |
| राशि के नक्षत्र | उत्तरा फाल्गुनी, हस्त, चित्रा |
| उत्तम प्रेम साथी | वृषभ, मकर, कर्क |
| प्रमुख स्वास्थ्य समस्याएँ | पेट, आँत, पाचन सम्बन्धी विकार |
| संगीत व कला में रुचि | सामान्यतः कला व संगीत में रुचि होती है। |
यह राशि एक बुद्धिमान और ज्ञानी राशि है, इस राशि के व्यक्ति शिक्षा और व्यवसाय के क्षेत्र में बहुत अच्छा प्रदर्शन करते है। इनके जीवन का एक ही ड्राबैक होता है, वह है इनकी जल्दबाजी और इनका उतावलापन।
इनके इस स्वाभाव की वजय से ये हमेशा किसी ना किसी मुसीबत में फसे रहते है और यही वजय है की इनका किसी एक कार्य में टिकना भी मुश्किल हो जाता है।
दूसरा ड्राबैक है इनका कुछ स्वार्थी होना। ये अपने को दुसरो से अधिक बुद्धिमान समझते है, किसी की सलाह नहीं मानते और अपनी मनमर्जी करते है, जिसकी वजय से इनको बार बार किसी ना किसी मुसीबत का सामना करना पड़ता है।
निष्कर्ष
अगर कन्या राशि के व्यक्ति अपनी इन दो आदतों सुधार कर लें जो ये लोग अपने जीवन में बहुत जल्दी और बहुत अच्छी उनत्ति और तरक्की कर सकते है।